थांदला-(वत्सल आचार्य की रिपोर्ट) श्रावण मास के पुनित अवसर पर छोटी काशी के नाम से जाने जाने वाले थांदला नगर के मध्य पश्चिमी भाग में पदमावती नदी के तट पर देवी अहिल्या बाई व्दारा स्थापित प्राचीन काशी विश्वनाथ जी की परम्परागत सवारी 04 अगस्त सोमवार को निकाली जावेंगी । इस अवसर पर सवारी में ढोल तासे , अखाडें , बैण्ड व भगवान की झाॅंकी के साथ कल्लेश्वर महादेव से महाकाल की राजसी पालकी सवारी में सम्मिलित होंगी ।
युवा रामायण मण्डल के अध्यक्ष धवल अरोड़ा व विपुल आचार्य ने जानकारी देते हूए बताया की सवारी अपने परम्परागत मार्ग बैकुण्ठ धाम गुरूव्दारा, नर -नारायण मन्दिर, रामजी मन्दिर, सावरिया सेठ मन्दिर, चारभुजानाथ मन्दिर, अम्बें माता मन्दिर मठवाला कॅूंआ महादेव होते हूए जवाहर मार्ग , आजाद चैक , दिपमालिका ऋशभदेव-नृसिंह मन्दिर, भंसाली चैराहा, गांधी चैक, सरदार पटेल मार्ग से पुनः मन्दिर पर विश्राम लेंगी । इस अवसर पर मन्दिरों के सामने से भगवान काशी विश्वनाथ की सवारी का पुष्प वर्षा से स्वागत कर परम्परागत आरती उतारी जावेंगी । सवारी के नगर भ्रमण पर आम श्रृद्धालु सवारी के दर्शन हेतू आतुर रहते है । युवाओं में सवारी को लेकर खासा उत्साह है । युवा रामायण मंडल के समस्त कार्यकर्ताओ ने अधिक से अधिक संख्या में श्रृद्धालुओं से सवारी में सम्मिलित होकर धर्म लाभ लेने का आव्हान किया ।