झाबुआ – शहर के प्रमुख मार्गों और बाजार क्षेत्रों में सड़क किनारे लगाए जा रहे हाथ ठेलों ने यातायात व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है और आमजन भी परेशान हो रहे हैं यह हाथ ठेला संचालक फुटपाथ किनारे और सड़क के किनारों पर अनियमित रूप से खड़े हो जाते हैं, जिससे सड़क की चौड़ाई कम हो जाती है और वाहनों को निकलने में दिक्कत होती है ।
शहर के राजवाड़ा क्षेत्र , आज़ाद चौक , बस स्टैंड आदि क्षेत्रों में बेतरतीब हाथ ठेला गाड़ीयों से यातायात व्यवस्था से आमजन को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है । व्यस्त समय में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। राहगीरों, दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को जाम की समस्या से दो-चार होना पड़ रहा है। कई बार तो वाहन रेंगते हुए आगे बढ़ते हैं, जिससे आमजन को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है । विशेष रूप से बस स्टैंड क्षेत्र में हाथ ठेला गाड़ीयां लगाने वालों ने ठेला गाड़ी के अलावा केरेट आदि अन्य सामान रखकर बस स्टैंड क्षेत्र को काफी हद तक प्रभावित किया है । वहीं इन हाथ ठेला गाड़ी वाले अपनी गाड़ी को कहीं पर भी खड़ी कर देते है । वही छात्र छात्राओं और अन्य यात्री विशेष रूप से महिलाए , जो सफर के लिए आती है उन्हें बस स्टैंड क्षेत्र में खड़े रहने के लिए भी जगह ढूंढना पड़ती है । वही बस चालकों द्वारा भी बसों को अव्यवस्थित तरीके से बसों को खड़ा किया जाता है जिससे बस स्टैंड काफी हद तक प्रभावित होता है ।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि हाथ ठेलों के कारण न केवल ट्रैफिक धीमा हो जाता है, बल्कि दुर्घटनाओं की संभावना भी बढ़ जाती है। दुकानदारों ने भी शिकायत की है कि सड़क पर बढ़ते ठेलों से दुकान तक पहुँचने का रास्ता बाधित होता है और व्यापार पर असर पड़ता है।
नगर निगम और पुलिस प्रशासन को बार-बार शिकायतें मिलने के बाद भी अभी तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है। नागरिकों ने मांग की है कि हाथ ठेला संचालकों के लिए अलग से निर्धारित स्थान तय किए जाएँ और मुख्य सड़कों को ठेलामुक्त किया जाए, ताकि यातायात व्यवस्था सुचारू रूप से चल सके और आमजन को राहत मिल सके।