झाबुआ

बहन के प्रेम संबंध से नाराज चचेरे भाइयों ने की युवक की हत्या, रेल हादसा दिखाने की कोशिश नाकाम

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झाबुआ। पेटलावद थाना पुलिस ने बामनिया रेलवे स्टेशन के समीप मिले युवक के शव के मामले का सनसनीखेज खुलासा करते हुए हत्या के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक का एक युवती से प्रेम संबंध था, जिससे नाराज युवती के चचेरे भाइयों ने उसकी हत्या कर शव को रेलवे स्टेशन के पास फेंक दिया था, ताकि मामला रेल दुर्घटना प्रतीत हो।


पुलिस के अनुसार 24 मई 2026 को बामनिया रेलवे स्टेशन के बाहर सड़क किनारे एक युवक का शव मिलने की सूचना प्राप्त हुई थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू की। शव के निरीक्षण के दौरान पीठ और कूल्हों पर गंभीर चोटों के निशान पाए गए, जिससे मामला संदिग्ध प्रतीत हुआ। इसके बाद पुलिस ने हत्या की आशंका के आधार पर प्रकरण दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की।


मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक झाबुआ के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। जांच के दौरान मृतक की पहचान ग्राम सातेर निवासी 20 वर्षीय सुकराम पिता नाहरसिंह निनामा के रूप में हुई। तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ में पता चला कि सुकराम का पिछले तीन माह से एक युवती के साथ प्रेम संबंध था । जांच में सामने आया कि युवती के चचेरे भाई देवीलाल और कालू इस संबंध से नाराज थे। उन्होंने अपने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर सुकराम की हत्या की साजिश रची। 23 मई की रात आरोपियों ने सुकराम को बामनिया रेलवे स्टेशन के पास सोते हुए पाया और उसे जबरन जंगल क्षेत्र में ले गए। वहां उसके हाथ बांधकर लाठी और पत्थरों से बेरहमी से हमला किया, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने के उद्देश्य से शव को मोटरसाइकिल पर रखकर रेलवे स्टेशन के समीप फेंक दिया और घटना को रेल दुर्घटना का रूप देने का प्रयास किया । मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने 29 मई को आरोपी देवीलाल पिता तरसिंह सिंगाड़ (28 वर्ष) एवं कालू पिता रामु सिंगाड़ (33 वर्ष), निवासी ग्राम सातेर को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर हत्या करना स्वीकार कर लिया । पुलिस ने बताया कि मामले के अन्य पहलुओं की जांच जारी है। इस अंधे कत्ल का खुलासा करने में पेटलावद थाना एवं बामनिया चौकी की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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