झाबुआ – शहर के बस स्टैंड परिसर एवं चैतन्य मार्ग स्थित दुकानों के पुननिर्माण हेतु दूकानदारो को दिये गये सूचना पत्र एवं म.प्र. उच्च न्यायालय खण्डपीट इन्दौर के रिट याचिका प्रकरण कं. wp/20154/2026 में जारी स्थगन आदेश दिनांक 13/06/2026 के बावजुद दुकानों पर अवैध रूप से लगाई गई सील को हटाने को लेकर बस स्टैंड क्षेत्र के व्यापारी सकल व्यापारी संघ के बैनर तले रैली के रूप में नपा कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा और फिर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर कलेक्टर के नाम नायब तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया । साथ ही कुछ व्यापारियों ने कलेक्टर से भी चर्चा की , नपाधयक्ष से अपनी बात कही व झाबुआ विधायक विक्रांत भूरिया ने भी कलेक्टर से व्यापारीयों के हितों को ध्यान में रखने की बात कही ।
दोपहर करीब 11.30 बजे सकल व्यापारी संघ के बैनर तले बस स्टैंड परिसर एवं चैतन्य मार्ग स्थित दुकान मालिकों ने अपनी मांगों को लेकर नपाध्यक्ष, सीएमओ व कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा । ज्ञापन में बताया गया कि जिनकी दुकाने बस स्टेण्ड एवं चैतन्य मार्ग झाबुआ पर स्थित है को न.पा. प्रशासन ने पोलिटेकनीक कॉलेज उज्जैन की तकनीकी रिपोर्ट अगस्त 2024 की आड लैकर बस स्टेण्ड से लेकर चैतन्य मार्ग झाबुआ की दुकानों के ऊपर स्थित धर्मशाला भवन जो कि न.पा. द्वारा उक्त धर्मशाला के यथासमय रीपेयरींग एवं देख रेख के अभाव में जीर्ण शीर्ण हुई है किंतु धर्मशाला के नीचे स्थित दुकाने पूर्णतया अच्छी स्थिति में है एवं इन दुकानों में यथा समय दुकानदारों द्वारा आवश्यक रिपेयरींग एवं मेटेनेंस किया जाता रहा है दुकानों को भी खतरनाक एवं व्यवसाय के उपयुक्त नहीं होने का बताकर दुकाने खाली करवाने एवं स्थल पर पुर्ननिमार्ण का झुठा बहाना बनाकर दुकाने खाली करने हेतू सूचना पत्र दिये गये थे, उस पर सबंधित दुकानदारों ने न. पा. प्रशासन से दुकाने पुनः आवंटित करने की शर्त पर दुकाने खाली करने को आश्वस्त किया गया था बावजूद दुकानदारों के पक्ष को बिना सुने एवं सुनवाई का अवसर दिये बिना नैसर्गिक न्याय सिद्धांतो के विपरीत केवल 24 घण्टे का सूचना पत्र देने पर, दुकानदारों ने माननीय उच्च न्यायालय खण्डपीठ इंदौर ने न.पा. प्रशसन की कार्यवाही को एवक तरफा मानकर सूचना पत्र पर स्थगन आदेश जारी किया, म.प्र. उच्च न्यायालय के स्थगन आदेश की जानकारी के बावजूद भी बदनियति से उच्च न्यायालय के स्थगन आदेश की अवहेलना कर आधीरात को दूकानों को सील कर व्यापारियों के साथ घोर अन्याय किया है एवं दुकानदारों को अपने व्यवसाय से वंचित किया गया है। शासकीय पोलिटेनीक कॉलेज उज्जैन की रिपोर्ट दिनांक 13/08/2024 को प्राप्त हो गयी थी तब इसका पालन नहीं कराया गया। यह अपने आप मे प्रमाणित होता है कि भवन क्षतीगस्त न होकर भवन सुक्ष्म रिपेयरींग की आवश्यकता है इस प्रकार स्ट्रक्चर फिजीबिलटी की रिपोर्ट की विश्वसनियता संदेहास्पद हैं, नगर पालिका झाबुआ दूकान नं 13 को श्री भरत कुमार पिता रतनलाल पडियार को 17/10/2025 को नामांतरण व लीज बढाई की गई, अर्थात दुकान अच्छी स्थिति में थी ।
सकल व्यापारी संघ के संस्थापक राजेंद्र यादव, रमेश डोसी प्रदीप रूनवाल , अध्यक्ष पंकज जैन मोगरा , सचिव हिमांशु त्रिवेदी ,कमलेश पटेल ,कीर्ति भावसार ने कलेक्टर कार्यालय में जिलाधीश डा योगेश तुकाराम भरसट, नपाध्यक्ष कविता सिंगार , उपाध्यक्ष लाखनसिंह सोलंकी, भाजपा जिला महामंत्री विजय चौहान , सीएमओ मिलन पटेल से चर्चा की । व्यापारी संघ के सदस्यों ने बताया कि चर्चा पश्चात जिलाधीश महोदय ने नपा प्रशासन को निर्देशित किया गया कि सोमवार तक न.पा.परिषद तैयारी कर दुकानदारों के समक्ष ,निर्माण की स्वीकृति , प्रोजेक्ट रिपोर्ट, और लागत की प्राथमिक जानकारी दुकानदारों एवं प्रतिनिधि मंडल के समक्ष रखे । उसके बाद सोमवार को पुनः इस विषय पर चर्चा होगी ।
झाबुआ विधायक विक्रांत भूरिया ने भी कलेक्टर से चर्चा की
झाबुआ विधायक विक्रांत भूरिया ने भी बस स्टैंड परिसर एवं चैतन्य मार्ग स्थित दुकानों के ध्वस्तीकरण और पुननिर्माण को लेकर कलेक्टर से चर्चा की । वही विधायक विक्रांत भूरिया ने बताया कि दुकानदारों के साथ गलत हो रहा है अगर नपा दुकाने तोड़ रही है तो प्रथम दृष्टया दुकानदारों के साथ एक अनुबंध होना चाहिए । साथ ही वैकल्पिक जगह भी दी जाना चाहिए ताकि व्यापार प्रभावित न हो । साथ ही दुकान बनाने में जितना पैसा लग रहा है उतनी ही राशि ली जाना चाहिए ।
वर्तमान दुकान संचालक को ही दुकान देंगे – नपाध्यक्ष कविता सिंगार
बस स्टैंड परिसर एवं चैतन्य मार्ग स्थित दुकान को लेकर नपाध्यक्ष कविता सिंगार ने कहा कि आज कलेक्टर महोदय, व्यापारी संघ और नपा प्रशासन के बीच विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई । समाधान यह आया है कि दो तीन दिन में हमारी जांच टीम आयेगी । उसके बाद जैसे ही टीएस प्राप्त होगी, वैसे ही हम व्यापारी के साथ बैठेंगे । जो भी हमारी दुकान निर्माण लागत आयेगी, उसके अनुसार ही अग्रीमेंट दिया जायेगा । दुकान तो वर्तमान दुकान संचालक को ही देंगे ।
सकल व्यापारी संघ की निम्न मांग है
*1 म.प्र. उच्च न्यायालय के आदेश के पालन में स्थगन आदेश को मान्य कर दूकानों की तत्काल सील हटाई जावे ।
2 दुकानदार व्यापारीयों को दुकाने खाली कर न.पा. प्रशासन को पुर्न निर्माण हेतू सुपुर्द करने के पूर्व दुकान का निर्माण कार्य के पश्चात नियमानुसार दुकाने पुनः आवंटित करने हेतू लिखीत में अनुबंध किया जावें।
3 दुकाने अच्छी स्थिति में है एवं दुकानदार अपने स्वंय के व्यय से दुकानों में आवश्यक दुरस्ती करने का तत्पर है।
4 व्यापारियों की लीज अवधि नियमानुसार शुल्क लेकर लीज अवधि बढ़ाई जावे ।