झाबुआ – ज्ञापन देना आम जनता का मौलिक अधिकार है कोई भी नागरिक अथवा संस्था एवं जनप्रतिनिधि अपनी मांग या जिले की समस्या को लेकर सरकार के मंत्री को जिला अधिकारीयों को लिखित ज्ञापन दे सकता है इसके लिए किसी प्रकार की अनुमति की आवश्यकता नहीं होती है।ज्ञापन देना लोकतंत्र के मांग रखने का सबसे शांतिपूर्ण तरीका है। उक्त बात डाॅ विक्रांत भूरिया ने 10 जुलाई को युवा कांग्रेस झाबुआ के अध्यक्ष नटवर डोडियार एवं अन्य पदाधिकारीयों के साथ थाना प्रभारी झाबुआ की गई अभ्रदता के सन्दर्भ में कही है। युवक कांग्रेस द्वारा माननीय मंत्री आदिम जाति कल्याण एवं प्रभारी मंत्रीजी को शान्तिपूर्वक जिले की समस्याओं से अवगत कराना चाहतेे थे जिसमें मुख्य रूप से छात्रावास में सीट वृद्वि, शिक्षकों के रिक्त पदों की पूर्ति, सडकों की मरम्मत तथा वृद्वा पेंश्न, अस्पतालों में अव्यवस्था पद पूर्ति, बिजली कटौती जैसी अनेक मूलभूत समस्याओं से मंत्रीजी को अवगत कराना था, किन्तु झाबुआ थाना प्रभारी द्वारा युवक कांग्रेस के पदाधिकारीयों को कलेक्ट्रोरेट परिसर से धक्का देकर बहार करने की कोशिश की तथा धक्कामुक्की की जो कि बिल्कुल गलत कार्यवाही है जिसकी निन्दा की जाये उतनी कम है। भारत देश में लोकतंत्र है यहां पर हर व्यक्ति को अपनी बात कहने की आजादी है पुलिस की इस कार्यवाही पर भूरिया ने कहा जिला प्रशासन अपनी नाकामी छिपाने के लिए मंत्रीजी से किसी को मिलने नहीं दे रहे थें ऐसा प्रतित होता है। ऐसे पुलिस अधीकारी के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है तथा पुलिस कार्यवाही की निन्दा की है। डाॅ भूरिया ने जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन से पत्र लिख कर मांग की है कि जिले में कोई भी केन्द्र सरकार या राज्य सरकार के मंत्री अथवा पदाधिकारी भ्रमण पर रहने के दौरान किसी भी पार्टी पदाधिकारी अथवा आम जनता ज्ञापन लेने या अपनी समस्या से अवगत कराने आते है या उनसे भेंट करते है तो मिलने की उचित व्यवस्था की जावे । जिला कांग्रेस के अध्यक्ष प्रकाश रांका एवं पदाधिकारी हेमचन्द्र डामोर,शंकर भूरिया, हेमेन्द्र बबलु कटारा,वसीम शेख, लोकेन्द्र बिलवाल, ब्लाक अध्यक्ष खुनसिंह गुण्डिया, काना गुण्डिया, आयुष ओहारी,पुनित भानपुरिया, किलु भूरिया,गुफरान कुरैशी आदि कांग्रेस पदाधिकारीयों ने युवक कांग्रेस के पदाधिकारीयों के साथ थाना प्रभारी झाबुआ द्वारा किये गये कृत्य की निन्दा की है साथ ही पुलिस प्रशासन को भी चेतावनी दी है कि यदि पुलिस अथवा थाना प्रभारी द्वारा अपना व्यवहार नहीं सुधारा तो कांग्रेस पार्टी आन्दोलन करेगी , जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की रहेगी।