थांदला। आमजन को त्वरित एवं प्रभावी राजस्व सेवाएँ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से तहसील थांदला के ग्राम खवासा में गुरुवार को एसडीएम भास्कर गाचले के नेतृत्व में राजस्व समस्या समाधान शिविर आयोजित किया गया। शिविर में एसडीएम भास्कर गाचले, तहसीलदार सुखदेव डावर, राजस्व निरीक्षक एवं क्षेत्र के समस्त पटवारी उपस्थित रहे।
शिविर में ग्रामीणों की राजस्व संबंधी शिकायतों को गंभीरता से सुनते हुए उनका मौके पर ही निराकरण किया गया। मुख्यमंत्री हेल्पलाइन एवं जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों के हितग्राहियों को भी शिविर में आमंत्रित कर उनकी समस्याओं पर सीधे चर्चा की गई तथा समाधानकारी कार्रवाई सुनिश्चित की गई।
शिविर के दौरान 25 नामांतरण, 2 बंटवारा, 43 फार्मर रजिस्ट्री, 20 आरओआर तथा लगभग 20 अन्य राजस्व प्रकरणों का मौके पर ही निराकरण किया गया, जिससे बड़ी संख्या में ग्रामीणों को त्वरित राहत मिली। इसी दौरान ग्राम तलवाड़ा एवं नरेला के मध्य लंबे समय से चले आ रहे रास्ता विवाद का भी दोनों पक्षों को आमने-सामने बैठाकर समाधान कराया गया। एसडीएम भास्कर गाचले ने दोनों पक्षों की बात धैर्यपूर्वक सुनते हुए राजस्व अभिलेखों एवं आपसी सहमति के आधार पर विवाद का निराकरण कराया। दोनों पक्षों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत करते हुए समाधान पर सहमति व्यक्त की।
शासकीय संस्थानों का किया निरीक्षण
राजस्व समाधान शिविर के उपरांत एसडीएम भास्कर गाचले एवं तहसीलदार सुखदेव डावर ने ग्राम खवासा स्थित लोक सेवा केंद्र, उप स्वास्थ्य केंद्र तथा सांदीपनी विद्यालय का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
लोक सेवा केंद्र के निरीक्षण में पाई गई कमियों एवं अव्यवस्थाओं पर एसडीएम भास्कर गाचले ने संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक सुधार के निर्देश देते हुए शीघ्र सभी व्यवस्थाएँ दुरुस्त करने के लिए कहा।
उप स्वास्थ्य केंद्र के निरीक्षण के दौरान चिकित्सकों ने परिसर की बाउंड्री वॉल की मरम्मत की आवश्यकता बताई। इस पर एसडीएम ने ग्राम पंचायत सचिव को एक सप्ताह के भीतर मरम्मत कार्य पूर्ण कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान प्रसूता महिलाओं को भोजन उपलब्ध नहीं होने की शिकायत भी सामने आई, जिस पर उन्होंने तत्काल दूरभाष पर बीएमओ से चर्चा कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके पश्चात सांदीपनी विद्यालय का निरीक्षण करते हुए एसडीएम ने विद्यार्थियों को परोसे जा रहे मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता का परीक्षण किया तथा नवीन शाला भवन एवं कक्षों का अवलोकन किया। विद्यालय प्राचार्य ने बताया कि शेष आवश्यक व्यवस्थाएँ आगामी 15 दिनों में पूर्ण कर विद्यालय का संचालन पूरी तरह व्यवस्थित कर दिया जाएगा।
विद्यालय परिसर में पेयजल के दोनों नलकूपों में पानी नहीं आने की जानकारी मिलने पर एसडीएम भास्कर गाचले ने विद्यार्थियों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए तत्काल वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
अंत में एसडीएम भास्कर गाचले ने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य केवल शिकायतों का निराकरण करना नहीं, बल्कि शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक समयबद्ध, पारदर्शी एवं प्रभावी ढंग से पहुँचाना है। इसी उद्देश्य से राजस्व समाधान शिविरों के साथ-साथ शासकीय संस्थानों का नियमित निरीक्षण कर व्यवस्थाओं में सतत सुधार सुनिश्चित किया जा रहा है।